हरिद्वार। गुरुकुल कांगड़ी विद्यालय की महिला कुलपति की ताजपोशी पुनः हो गई है। मैडम फूली नही समा रही है।दरअसल कुलपति रहते समय जिन कर्मचारियों को परमानेंट करने की याचिका को माननीय हाई कोर्ट ने खारिज कर दिया था। लेकिन कुलपति हेमलता हाई कोर्ट के फैसले को दरकिनार करके उन्हीं कर्मचारियों को परमानेंट करने पर आमादा थी।

जिसके चलते गुरुकुल कांगड़ी विश्व विद्यालय में घमासान मचा, और गुरुकुल की सर्वोच्च प्रबंध कारणी संस्था द्वारा उन्हें उनके पद से कई आरोपों के चलते हटाया गया, जिसके खिलाफ वे हाई कोर्ट गई थी, और माननीय हाईकोर्ट ने कुलपति हेमलता को राहत देते हुए एक बार फिर से कुलपति का चार्ज देने के आदेश दिए हैं। इसके बाद बड़े ही बैंड बाजे और खुशी के साथ हेमलता एक बार फिर कुलपति की कुर्सी पर विराजमान हो गई है।
तभी से ही चर्चा सरेआम हो रही हैं की दूसरी बार कुलपति के पद पर आसीन होने के बाद देखना बाकी है कि कुलपति चंगू मंगू की चुगलखोरी में फंसकर आगे किस तरह के फैसले लेती है, सभी की निगाहें उनके हर कदम और हर फैसले पर लगी हुई है।

