देहरादून
मनीष बॉलर मामले में उत्तराखंड एसटीएफ ने किया बड़ा खुलासा–दो पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार कर भेजा गया जेल।*पुलिस कर्मी कर रहे है, बदमाशों के लिए काम।
एसटीएफ SSP श्री नवनीत सिंह ने जारी की चेतावनी–अपराधियों से सांठ–गांठ रखने वालों को किसी भी सूरत बख्शेगी नहीं एसटीएफ।
प्रवीण वाल्मीकि गैंग से संबंध रखने के चलते दोनों पुलिस कर्मियों पर की गई है कार्यवाही।
पुलिस महानिदेशक उत्तराखंड श्री दीपम सेठ के द्वारा उत्तराखंड पुलिस का पदभार संभालते ही इनामी एवं वांछित अपराधियों के साथ-साथ संगठित गिरोह के अपराधियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने के अपने इरादे स्पष्ट कर दिए गए थे जिसके अंतर्गत कुख्यात गैगस्टरों एवं सक्रीय अपराधियों के विरुद्ध कार्यावाही हेतु व्यापक कार्ययोजना बना कर कड़ी कार्यावाही करने के स्पष्ट दिशा निर्देश निर्गत किये गये है। जिसके अनुक्रम में एस0टी0एफ द्वारा भी लगातार कार्यवाही की जा रही है।

इस प्रकरण में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर द्वारा जानकारी देते हुए बताया कि प्रवीण वाल्मीकि गैंग के सम्बन्ध में पिछले माह में प्राप्त गोपनीय सूचना और प्रार्थना पत्र के आधार पर एस0टी0एफ ने जांच करने के पश्चात दिनांक 27-08-2025 को एस0टी0एफ0 की ओर से थाना गंगनहर पर मु0अ0सं0 415/25 धारा 120 बी,420,467,468,471 भा0द0वि0 एवं 111, 351, 352 बीएनएस का अभियोग कुख्यात गैंगस्टर प्रवीण वाल्मिकी उसका भतीजा मनीष बाँलर, पंकज अष्ठवाल आदि 06 लोंगो के विरुद्ध पंजीकृत कराया गया। इस प्रकरण की संवेदनशीलता को देखते हुये पुलिस मुख्यालय उत्तराखण्ड द्वारा मामले की विवेचना एसटीएफ को सुपुर्द की गयी।

जिसके पश्चात इस प्रकरण में पहली बार वाल्मिकी गैंग के 02 सदस्यों मनीष बाँलर और पंकज अष्ठवाल निवासीगण ग्राम सुनेहरा थाना गंगनहर जनपद हरिद्वार को थाना गंगनहर क्षेत्र में दबीश मारकर गिरफ्तार किय़ा गय़ा । मनीष बाँलर एवं पंकज अष्टवाल से पूछताछ में जमीन की विक्रय करने वाली फर्जी रेखा व संलिप्त सदस्यों की जानकारी प्राप्त हुई है, जिस पर फर्जी रेखा बनी महिला निर्देश पत्नी कुलदीप सिंह निवासी ज्वालपुर हरिद्वारकी भी एसटीएफ द्वारा गिरप्तारी की जा चुकी है। अब इस प्रकरण में दो पुलिस आरक्षियों की संलिप्तता पाए जाने पर गिरफ्तारी की गई है। जिनको गिरफ्तार करने के पश्चात माननीय न्यायालय रुड़की कोर्ट में पेश किया जा रहा है।

